सीएम हेल्पलाइन की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा पारदर्शी, जवाबदेह और संवेदनशील प्रशासन को प्राथमिकता दी जा रही है। इसी क्रम में आम नागरिकों की शिकायतों का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन द्वारा त्वरित कार्रवाई की जा रही है। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में सीएम हेल्पलाइन और ग्रामीणों से मिली शिकायत के आधार पर खनिज विभाग ने कोलबिर्रा क्षेत्र में अवैध रेत परिवहन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 5 ट्रैक्टर जब्त किए हैं।

शिकायत पर तत्काल पहुंची खनिज विभाग की टीम

जिले में अवैध खनन और खनिजों के अनधिकृत परिवहन पर रोक लगाने के लिए खनिज विभाग द्वारा लगातार जांच और निगरानी अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान कोलबिर्रा क्षेत्र में अवैध रूप से रेत परिवहन किए जाने की शिकायत प्राप्त हुई। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए विभागीय टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की।

जांच के दौरान रेत का अवैध परिवहन करते पाए गए पांच ट्रैक्टर वाहनों को जब्त कर लिया गया। सभी जब्त वाहनों को कोटमी चौकी में सुरक्षित रखा गया है। वाहन मालिकों के खिलाफ खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम के प्रावधानों के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।

सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के निराकरण पर विशेष निगरानी

कलेक्टर विजय दयाराम के. ने अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से प्राप्त शिकायतों की गंभीरता से जांच करने और उनका गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इन निर्देशों के तहत जिले के विभिन्न विभाग नागरिकों से प्राप्त शिकायतों पर प्राथमिकता के साथ कार्रवाई कर रहे हैं।

खनिज विभाग भी अवैध उत्खनन और परिवहन से संबंधित शिकायतों पर विशेष नजर रखते हुए नियमित निरीक्षण एवं जांच कर रहा है। इस तरह की कार्रवाई से खनिज संसाधनों के अनधिकृत दोहन पर नियंत्रण के साथ प्रशासनिक व्यवस्था के प्रति नागरिकों का भरोसा मजबूत करने में भी मदद मिल रही है।

अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ कार्रवाई रहेगी जारी

खनिज विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा। शिकायतों की जांच के साथ संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण और निगरानी की जा रही है, ताकि खनिज संसाधनों के अवैध दोहन पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।

कार्रवाई में सहायक खनि अधिकारी आदित्य मानकर सहित खनिज विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। प्रशासन की यह कार्रवाई जनशिकायतों के त्वरित निराकरण, नियमों के प्रभावी पालन और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।