कनाडा के अल्बर्टा प्रांत में अलग देश बनाने की मांग तेज, अक्टूबर में जनमत संग्रह की संभावना

ओटावा।

कनाडा के अल्बर्टा प्रांत में अलग देश बनाने की मांग एक बार फिर तेज होती नजर आ रही है। राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि इस मुद्दे पर अक्टूबर में जनमत संग्रह (रेफरेंडम) कराया जा सकता है। बढ़ती क्षेत्रीय असंतोष और संघीय नीतियों को लेकर नाराजगी के बीच यह मुद्दा कनाडा की राजनीति में बड़ा विषय बन गया है।

रिपोर्ट्स के अनुसार, अल्बर्टा के कई राजनीतिक और सामाजिक संगठनों का आरोप है कि संघीय सरकार की नीतियों से प्रांत के आर्थिक हित प्रभावित हो रहे हैं। विशेष रूप से ऊर्जा, टैक्स और प्राकृतिक संसाधनों से जुड़े मामलों को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ असंतोष बढ़ा है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जनमत संग्रह होता है, तो इसका असर केवल अल्बर्टा ही नहीं बल्कि पूरे कनाडा की राजनीतिक और आर्थिक स्थिरता पर पड़ सकता है। हालांकि कनाडा की संघीय सरकार ने अब तक इस मुद्दे पर कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।

राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, आने वाले महीनों में अल्बर्टा की राजनीति और जनमत संग्रह को लेकर राष्ट्रीय स्तर पर बहस और तेज हो सकती है। वहीं अंतरराष्ट्रीय समुदाय भी इस घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है।