रायपुर: नक्सलवाद के कारण वीरान हुआ कर्रेगुट्टा तलहटी का ताड़पाला गांव, 30 साल बाद भी खाली

रायपुर: नक्सली हिंसा और दहशत के कारण कर्रेगुट्टा की तलहटी में बसा ताड़पाला गांव आज पूरी तरह से वीरान और जनशून्य हो चुका है। कभी चहल-पहल से गुलजार रहने वाले इस गांव के ग्रामीण करीब 30 साल पहले अपना घर-बार छोड़कर पलायन करने पर मजबूर हो गए थे।

ग्रामीणों का कोई आधिकारिक रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं तीन दशक पहले गांव छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर गए इन ग्रामीणों का आज भी कोई आधिकारिक रिकॉर्ड या स्पष्ट जानकारी शासन-प्रशासन के पास उपलब्ध नहीं है। विस्थापन के बाद ये परिवार कहां गए और किस स्थिति में हैं, इसका कोई पुख्ता आंकड़ा मौजूद नहीं है।

वर्तमान में केवल सुरक्षा बलों का डेरा कभी खेती-किसानी और खुशहाली का केंद्र रहा ताड़पाला गांव अब केवल सुरक्षा के लिहाज से इस्तेमाल हो रहा है। वर्तमान में वहां सिर्फ सुरक्षा बलों का कैंप और डेरा स्थापित है, जो इलाके में शांति व्यवस्था बनाए रखने और नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाने के लिए तैनात हैं।