कांग्रेस नेता से 25 करोड़ की रंगदारी मामला: फरार आरोपी शोएब ढेबर पर 5 हजार का इनाम, मुखबिरी के आरोप में 2 आरक्षक लाइन अटैच

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा से लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर 25 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने के हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मामले में मुख्य आरोपी और कारोबारी अनवर ढेबर के बेटे शोएब ढेबर पर रायपुर पुलिस ने 5,000 रुपये का इनाम घोषित किया है।

जमानत रद्द होने और कोर्ट से दोबारा गिरफ्तारी का आदेश मिलने के बाद से शोएब फरार चल रहा है और पुलिस से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आरोपी की गिरफ्तारी में मदद करने वाले या सटीक जानकारी देने वाले को इनाम राशि दी जाएगी।

गोपनीय जानकारी लीक करने पर 2 पुलिसकर्मी लाइन अटैच

शोएब ढेबर की धरपकड़ के लिए गठित एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) की टीम में शामिल दो आरक्षकों— शिवम द्विवेदी और राहुल सिंह गौतम पर विभाग की गोपनीय जानकारी लीक करने और आरोपी की मदद करने का गंभीर आरोप लगा है। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने दोनों आरक्षकों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें लाइन अटैच कर दिया है।

क्या है 25 करोड़ की रंगदारी का पूरा मामला?

  • 14 सितंबर का घटनाक्रम: कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा को एक अज्ञात विदेशी नंबर से वॉट्सऐप कॉल व मैसेज कर खुद को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग का सदस्य बताकर 25 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी।

  • शोएब की संलिप्तता: तकनीकी जांच और सर्विलांस के आधार पर मामले में शोएब ढेबर की भूमिका सामने आई, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था।

  • जमानत के बाद से फरार: शुरुआती दौर में जमानत मिलने के बाद पुलिस ने कोर्ट में तथ्य रखकर दोबारा गिरफ्तारी की अनुमति प्राप्त की। इसके बाद से आरोपी पुलिस को चकमा देकर फरार है।

पूर्व महापौर एजाज ढेबर से भी मांगी गई थी 50 करोड़ की रंगदारी

उल्लेखनीय है कि इससे पहले रायपुर के पूर्व महापौर एजाज ढेबर (शोएब ढेबर के चाचा) को भी लॉरेंस बिश्नोई और अमन साव गैंग के नाम से 50 करोड़ रुपये की धमकी भरा कॉल आया था। इसकी FIR कोतवाली थाने में दर्ज कराई गई थी। रायपुर पुलिस अब इस पहलू की भी गहनता से जांच कर रही है कि क्या दोनों मामलों के तार आपस में जुड़े हैं या यह किसी अंदरूनी साजिश का हिस्सा है।