रायपुर पुलिस हुई हाईटेक: कमिश्नर ने बांटे 308 विशेष स्मार्टफोन, घटनास्थल पर ही जुटेंगे डिजिटल साक्ष्य; डिजिटल अरेस्ट पर कड़ा प्रहार
रायपुर, 6 जुलाई 2026।
राजधानी रायपुर की पुलिसिंग को और अधिक प्रभावी, आधुनिक और हाईटेक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। रायपुर पुलिस को अत्याधुनिक तकनीक से लैस करने के लिए रायपुर पुलिस कमिश्नर ने शहर के 308 विवेचकों (इन्वेस्टिगेटर्स) को विशेष स्मार्टफोन वितरित किए हैं। इस नई व्यवस्था से अब पुलिस की जांच प्रणाली पूरी तरह बदलने वाली है।
घटनास्थल पर ही जुटेंगे इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य (E-evidence)
इस विशेष पहल के बाद अब पुलिस अधिकारियों को डिजिटल सबूतों के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा:
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स्पॉट पर कार्रवाई: इस हाईटेक स्मार्टफोन की मदद से विवेचक अब किसी भी वारदात या घटनास्थल पर पहुंचते ही तुरंत डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य (E-evidence) सुरक्षित और एकत्रित कर सकेंगे।
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पारदर्शिता और तेजी: डिजिटल साक्ष्यों के तुरंत संकलन से कोर्ट में मामलों को साबित करना आसान होगा और जांच प्रक्रिया में पारदर्शिता के साथ-साथ अभूतपूर्व तेजी आएगी।
‘डिजिटल अरेस्ट’ और साइबर क्राइम पर लगेगा अंकुश
पिछले कुछ समय से देश और प्रदेश में ‘डिजिटल अरेस्ट’ और ऑनलाइन धोखाधड़ी जैसे हाईटेक अपराधों के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। पुलिस कमिश्नर की इस विशेष पहल से ऐसे गंभीर और पेचीदा मामलों को सुलझाने में बड़ी मदद मिलेगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, इन स्मार्टफोन्स में कुछ विशेष सुरक्षा और फॉरेंसिक ऐप्स इंस्टॉल किए गए हैं, जो साइबर अपराधियों के डिजिटल फुटप्रिंट्स को ट्रैक करने और उन्हें जल्द से जल्द दबोचने में रायपुर पुलिस के लिए गेम-चेंजर साबित होंगे। अब पुलिस तकनीकी रूप से मजबूत होकर अपराधियों से दो कदम आगे रहने के लिए पूरी तरह तैयार है।
