संसद का मानसून सत्र: नीट पेपर लीक और छात्र विरोध प्रदर्शन को लेकर दोनों सदनों में भारी हंगामा
विपक्षी सांसदों और राहुल गांधी ने नीट परीक्षा में गड़बड़ी और शैक्षणिक मुद्दों पर सरकार को घेरा; संसद में गूंजा पेपर लीक का मुद्दा
नई दिल्ली (UPI24 News)। संसद के मानसून सत्र के दौरान नीट पेपर लीक (NEET Paper Leak) और देशभर में हो रहे छात्र विरोध प्रदर्शनों को लेकर संसद के दोनों सदनों—लोकसभा और राज्यसभा—में लगातार भारी हंगामा और नारेबाजी देखने को मिल रही है। विपक्षी दलों के सांसदों ने नीट परीक्षा में हुई धांधली और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ के मुद्दे पर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है।
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और अन्य विपक्षी सांसदों ने पेपर लीक, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की कार्यप्रणाली और शैक्षणिक व्यवस्था में सुधार के लिए कड़े कानून की मांग करते हुए सरकार को कटघरे में खड़ा किया।
नीट पेपर लीक और डिजिटल विरोध प्रदर्शन का मुद्दा गर्म
संसद सत्र के दौरान विपक्ष ने नीट यूजी परीक्षा में धांधली, पेपर लीक की जांच और छात्रों के देशव्यापी डिजिटल व सड़क-स्तरीय विरोध प्रदर्शनों को प्रमुखता से उठाया।
विपक्ष का आरोप है कि देश के लाखों होनहार छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है और सरकार जवाबदेही तय करने में विफल रही है। राहुल गांधी ने सदन में कहा कि पेपर लीक की समस्या केवल एक परीक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक संस्थागत विफलता बन चुकी है, जिसके लिए सख्त विधायी और प्रशासनिक कदम उठाने की तुरंत आवश्यकता है।
सरकार का पक्ष और कानूनी संशोधन
सदन में हंगामे के बीच सरकार की ओर से स्पष्ट किया गया कि परीक्षाओं में पारदर्शिता बनाए रखने और गड़बड़ी रोकने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। प्रतियोगी परीक्षाओं में अनुचित साधनों और पेपर लीक जैसी गतिविधियों को रोकने के लिए सख्त कानून लागू किए जा रहे हैं और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।
वहीं, हंगामे के कारण दोनों सदनों की कार्यवाही को कई बार स्थगित भी करना पड़ा। विपक्ष इस मुद्दे पर व्यापक चर्चा और विशेष जांच समिति (JPC) या सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में गहन जांच की मांग पर अड़ा हुआ है।
