बड़ी कार्रवाई: CBSE चेयरमैन और सचिव पद से हटाए गए, ऑन-स्क्रीन मार्किंग और साइबर अटैक मामले में सरकार ने दिए जांच के आदेश
नई दिल्ली: देश के सबसे बड़े शिक्षा बोर्ड, केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) से जुड़ी एक बेहद बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। केंद्र सरकार ने एक कड़ा रुख अपनाते हुए सीबीएसई के चेयरमैन और सचिव (Secretary) को तत्काल प्रभाव से उनके पद से हटा दिया है।
सूत्रों के मुताबिक, बोर्ड में पिछले कुछ समय से चल रहे विवादों और सुरक्षा चूकों को देखते हुए सरकार ने यह प्रशासनिक कदम उठाया है। इसके साथ ही पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं।
ऑन-स्क्रीन मार्किंग टेंडर और साइबर अटैक बना वजह
मिली जानकारी के अनुसार, इस बड़ी कार्रवाई के पीछे दो मुख्य कारण बताए जा रहे हैं:
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ऑन-स्क्रीन मार्किंग टेंडर विवाद: सीबीएसई के ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) टेंडर प्रक्रिया में कुछ गंभीर विसंगतियां और विवाद सामने आए थे, जिसे लेकर बोर्ड प्रशासन पर सवाल उठ रहे थे।
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री-इवैल्यूएशन पोर्टल पर साइबर अटैक: हाल ही में सीबीएसई के री-इवैल्यूएशन (पुनर्मूल्यांकन) पोर्टल पर एक बड़ा साइबर हमला हुआ था। इस सुरक्षा चूक के कारण छात्रों के डेटा और बोर्ड की गोपनीयता पर बड़ा खतरा मंडराने लगा था।
सरकार ने इन दोनों ही संवेदनशील मामलों को अत्यंत गंभीरता से लिया है और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए दोनों शीर्ष अधिकारियों को पद से हटाने का फैसला किया।
सरकार ने दिए उच्च स्तरीय जांच के आदेश
प्रशासनिक फेरबदल के साथ ही सरकार ने इस पूरे घटनाक्रम की गहराई से जांच करने के निर्देश दिए हैं। जांच टीम इस बात का पता लगाएगी कि टेंडर प्रक्रिया में कहां कमियां रहीं और री-इवैल्यूएशन पोर्टल पर हुए साइबर अटैक के पीछे सुरक्षा में क्या चूक थी।
विशेषज्ञों का मानना है कि बोर्ड की साख और करोड़ों छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए सरकार ने यह ‘जीरो टॉलरेंस’ वाली कार्रवाई की है, ताकि भविष्य में इस तरह की तकनीकी और प्रशासनिक गड़बड़ियों को रोका जा सके। नए अधिकारियों की नियुक्ति और जांच की अगली कड़ियों पर मंत्रालय जल्द ही आधिकारिक बयान जारी कर सकता है।
