Tata Electronics Data Leak: डार्क वेब पर टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स का डेटा लीक, Apple और Tesla से जुड़े सीक्रेट डिजाइन चोरी होने का दावा
बेंगलुरु: भारतीय टेक और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर से इस वक्त की एक बेहद बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आ रही है। दिग्गज कारोबारी समूह टाटा की कंपनी ‘टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स’ (Tata Electronics) का डेटा डार्क वेब (Dark Web) पर लीक होने का दावा किया गया है। साइबर अपराधियों और हैकर्स ने दावा किया है कि उन्होंने कंपनी के सर्वर से वैश्विक दिग्गज कंपनियों—एपल (Apple) और टेस्ला (Tesla)—से जुड़े कई बेहद गोपनीय (Secret) डिजाइन और दस्तावेज चुरा लिए हैं।
2 लाख से अधिक फाइलें चोरी होने का दावा साइबर सुरक्षा और टेक जगत में मचे इस हड़कंप के बीच हैकर्स का कहना है कि उन्होंने टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के डेटाबेस से करीब 2 लाख से ज्यादा संवेदनशील फाइलें उड़ा दी हैं। लीक हुए डेटा में कथित तौर पर कई महत्वपूर्ण कंपोनेंट्स के ब्लूप्रिंट, सप्लाई चेन की जानकारियां और आगामी प्रोजेक्ट्स के सीक्रेट डिजाइन्स शामिल हैं, जो एपल और टेस्ला जैसी बड़ी कंपनियों के लिए तैयार किए जा रहे थे।
कामकाज पर नहीं पड़ा कोई असर: टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स इस गंभीर मामले पर टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स की ओर से भी आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आ गई है। कंपनी ने डेटा लीक की खबरों के बीच अपने सिस्टम की सुरक्षा की पुष्टि की है। कंपनी के प्रवक्ताओं का कहना है कि इस घटना से उनके मुख्य ऑपरेशन्स और रोजमर्रा के कामकाज (Operations) पर कोई असर नहीं पड़ा है। कंपनी की आईटी और साइबर सुरक्षा टीमें स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और सुरक्षा घेरे को और मजबूत किया जा रहा है।
साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ जता रहे हैं चिंता भले ही कंपनी स्थिति नियंत्रण में होने की बात कह रही है, लेकिन साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि डार्क वेब पर इस तरह की संवेदनशील फाइलों का आना वैश्विक स्तर पर टाटा की साख और उसके बड़े क्लाइंट्स के लिए सुरक्षा जोखिम पैदा कर सकता है। फिलहाल जांच एजेंसियां और साइबर एक्सपर्ट्स इस बात का पता लगाने में जुटे हैं कि यह ब्रीच किस स्तर पर और कैसे हुआ।
