गौतम अडानी को बड़ी राहत: अमेरिकी न्याय विभाग ने हटाए सभी आपराधिक आरोप, न्यूयार्क में चल रहा केस स्थायी रूप से बंद
भारतीय उद्योग जगत और वैश्विक बाजार से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। अमेरिकी न्याय विभाग (US Department of Justice – DOJ) ने भारतीय उद्योगपति और अडानी समूह के चेयरमैन गौतम अडानी और उनके भतीजे सागर अडानी के खिलाफ लगे सभी आपराधिक आरोपों को स्थायी रूप से (With Prejudice) हटा दिया है। न्यूयॉर्क की अदालत में चल रहे इस हाई-प्रोफाइल सिक्योरिटी और वायर फ्रॉड मामले को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है।
अभियोजक नहीं ढूंढ पाए कोई ठोस सबूत
अमेरिकी अदालत में दाखिल किए गए दस्तावेज़ों के अनुसार, अमेरिकी न्याय विभाग (DOJ) ने इस मामले की समीक्षा करने के बाद अपने विवेक से इन आपराधिक आरोपों को आगे न बढ़ाने का फैसला किया। सरकारी अभियोजकों ने माना कि उनके पास आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त और ठोस सबूत नहीं थे। इसके साथ ही इस मामले का कोई स्पष्ट अमेरिकी संबंध (US Linkage) भी साबित नहीं हो सका, जिसके बाद कोर्ट ने इसे हमेशा के लिए खारिज कर दिया।
अदालती फाइलिंग में क्या कहा गया? > “न्याय विभाग ने इस मामले की गहन समीक्षा की है और अपने विवेक से यह निर्णय लिया है कि इन व्यक्तिगत प्रतिवादियों के खिलाफ आपराधिक आरोपों पर आगे और सरकारी संसाधन खर्च न किए जाएं।”
ट्रंप प्रशासन के आते ही बदले समीकरण
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका में नए ट्रंप प्रशासन के आने के बाद से कई पुराने मामलों की प्राथमिकताओं में बदलाव हुआ है। हाल ही में अडानी समूह की ओर से अमेरिका में 10 अरब डॉलर के निवेश की प्रतिबद्धता भी जताई गई थी। इस क्लीन चिट के बाद अब गौतम अडानी के बिना किसी कानूनी अड़चन के अमेरिका यात्रा करने का रास्ता भी साफ हो गया है।
अन्य अमेरिकी जांचें भी हुईं सेटल
आपराधिक मामले बंद होने के साथ ही पिछले कुछ दिनों में अडानी समूह से जुड़ी अन्य अमेरिकी नियामक जांचें भी सुलझा ली गई हैं:
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SEC (अमेरिकी प्रतिभूति और विनिमय आयोग): पिछले हफ्ते SEC के साथ सिविल आरोपों को लेकर एक समझौता हुआ था, जिसमें बिना किसी आरोप को स्वीकार या अस्वीकार किए सिविल सेटलमेंट किया गया।
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OFAC (अमेरिकी ट्रेजरी विभाग): ईरान प्रतिबंधों के उल्लंघन से जुड़े एक अन्य पुराने मामले में भी अडानी एंटरप्राइजेस ने 275 मिलियन डॉलर का भुगतान कर मामले को पूरी तरह सुलझा लिया है।
इन सभी घटनाक्रमों के बाद अब अमेरिका में अडानी ग्रुप के खिलाफ चल रहे सभी कानूनी विवाद पूरी तरह से समाप्त हो गए हैं, जिससे वैश्विक बाजारों और शेयर बाजार में अडानी समूह के शेयरों को बड़ी मजबूती मिलने की उम्मीद है।
