बिलासपुर के 340 बिस्तरों वाले अस्पतालों के संचालन के लिए PPP मॉडल पर चर्चा

सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट के संचालन एवं रखरखाव का प्रस्ताव विचाराधीन

रायपुर। मुख्य सचिव विकासशील की अध्यक्षता में चिकित्सा शिक्षा विभाग की पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मूल्यांकन समिति की उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में बिलासपुर के कोनी स्थित सिम्स मेडिकल कैंपस में निर्मित 240 बिस्तरों वाले सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और 100 बिस्तरों वाले स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट के संचालन एवं रखरखाव के प्रस्ताव पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में दोनों अस्पतालों को सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल के तहत एक ही 10 वर्षीय लाइसेंस समझौते के माध्यम से निजी डेवलपर एवं ऑपरेटर को सौंपने के प्रस्ताव पर विचार किया गया। इन दोनों अस्पतालों की कुल क्षमता 340 बिस्तरों की है।

प्रस्ताव के अनुसार, अस्पतालों में आयुष्मान भारत जैसी सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं के लाभार्थियों और पूर्णतः निःशुल्क उपचार प्राप्त करने वाले मरीजों के लिए बिस्तर आरक्षित रहेंगे। वहीं, कुल बिस्तरों में से केवल 20 प्रतिशत का उपयोग भुगतान आधारित उपचार के लिए किया जा सकेगा।

सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में कार्डियोलॉजी, न्यूरोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, नेफ्रोलॉजी और यूरोलॉजी जैसी विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने की योजना है। इस पहल का उद्देश्य क्षेत्र में उन्नत स्वास्थ्य सुविधाओं के संचालन और रखरखाव की व्यवस्था को मजबूत करना है।

बैठक में विधि एवं विधायी विभाग के प्रमुख सचिव मनीष कुमार ठाकुर, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव अमित कटारिया, वित्त एवं जनसंपर्क विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव, आदिम जाति विकास विभाग के सचिव भूवनेश यादव तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में ऑपरेटर संस्था केपीएमजी के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।