रायगढ़ में ‘खाबो-बने रहिबो 2.0’ अभियान: रक्षाबंधन से पहले मिठाई दुकानों पर खाद्य सुरक्षा विभाग की रेड, सैंपल लैब भेजे गए

रायगढ़: आगामी रक्षाबंधन और तीज-त्योहारों के मद्देनजर रायगढ़ जिले में मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने सख्त रुख अपना लिया है। जिला प्रशासन के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान “खाबो-बने रहिबो 2.0” के तहत शहर और आसपास की प्रमुख मिठाई दुकानों एवं डेयरी प्रतिष्ठानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की कार्रवाई की जा रही है।

इस जांच अभियान का मुख्य उद्देश्य त्योहारों के दौरान आम जनता को शुद्ध, गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है।

मसूर पाक, गोंद लड्डू और मावा के सैंपल जब्त

खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने रायगढ़ शहर के विभिन्न इलाकों में स्थित प्रसिद्ध मिठाई दुकानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान दुकानों में स्वच्छता मानकों, निर्माण तिथि और इस्तेमाल की जा रही सामग्रियों की गहन जांच की गई।

  • सैंपलिंग की कार्रवाई: निरीक्षण के दौरान संदेह के आधार पर मसूर पाक, गोंद के लड्डू, मावा (खोवा) और अन्य पारंपरिक मिठाइयों के सैंपल लिए गए हैं।

  • लैब भेजी गई खेप: एकत्र किए गए सभी सैंपल्स को परीक्षण और रासायनिक विश्लेषण के लिए राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला (State Food Testing Laboratory) भेजा गया है।

मिलावट पाए जाने पर होगी सख्त कार्रवाई

खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि लैब रिपोर्ट में यदि किसी भी मिठाई या खाद्य पदार्थ में मिलावट या अमानक (Substandard/Unsafe) तत्व पाए जाते हैं, तो संबंधित दुकान संचालकों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम (FSSAI Act) के तहत कड़ी कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

विभाग ने सभी मिठाई विक्रेताओं और व्यापारियों को सख्त हिदायत दी है कि:

  1. मिठाइयों में अनुमत सीमा से अधिक कृत्रिम रंगों का प्रयोग न करें।

  2. दुकानों में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें और बासी या दूषित मिठाइयों की बिक्री न करें।

  3. मावा और पनीर जैसे संवेदनशील पदार्थों की खरीद केवल प्रमाणित विक्रेताओं से ही करें।

प्रशासन का संदेश: “त्योहारों के सीजन में नागरिकों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ‘खाबो-बने रहिबो 2.0’ अभियान के तहत जांच की यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।”