छत्तीसगढ़ में दो बड़ी खबरें: बालोद में अचानक 30 फीट गहरी जमीन धंसने से दहशत; बिलासपुर में करंट से 3 मौतों पर हाई कोर्ट सख्त
बालोद/बिलासपुर: छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों से आज दो बेहद बड़ी और झकझोर देने वाली खबरें सामने आई हैं। एक तरफ जहां बालोद जिले में प्रकृति का खौफनाक रूप देखने को मिला है, वहीं दूसरी तरफ बिलासपुर में हुई दर्दनाक मौतों के मामले में देश की सर्वोच्च कानूनी संस्था (हाई कोर्ट) ने कड़ा रुख अख्तियार किया है।
बालोद: अचानक 30 फीट गहरी जमीन धंसने से इलाके में दहशत
बालोद जिले में पिछले कुछ दिनों से हो रही लगातार और भारी बारिश के बीच एक हैरान और डरा देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ के ग्रामीण इलाके में स्थित एक खेत में अचानक 20 फीट चौड़ी और 30 फीट गहरी जमीन धंस गई।
खेत के बीचों-बीच इतना बड़ा और गहरा गड्ढा देखकर आस-पास के ग्रामीणों में दहशत और खौफ का माहौल निर्मित हो गया है। सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई है। सुरक्षा के लिहाज से प्रभावित क्षेत्र की घेराबंदी कर दी गई है और विशेषज्ञों द्वारा यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि अचानक इतनी बड़ी मात्रा में भूधंसाव (Land Subsidence) क्यों हुआ।
बिलासपुर: खेतों की फेंसिंग में करंट से 3 मौतें, हाई कोर्ट ने मांगा जवाब
दूसरी बड़ी खबर न्यायधानी बिलासपुर से है, जहां खेतों की सुरक्षा के लिए की गई फेंसिंग (तारों की बाड़) में बिजली का करंट फैलने से 3 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई थी। इस संवेदनशील और गंभीर मामले पर छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट (High Court) ने स्वतः संज्ञान लेते हुए बेहद कड़ा रुख अपनाया है।
हाई कोर्ट ने इस लापरवाही को लेकर बिजली विभाग (CSPDCL) को नोटिस जारी किया है और मामले में कड़ा जवाब तलब किया है। कोर्ट ने पूछा है कि रिहायशी और कृषि क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी क्यों की गई और इस हादसे के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर अब तक क्या कार्रवाई हुई है। हाई कोर्ट की इस सख्ती के बाद बिजली विभाग के आला अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।
