मुंबई CNG संकट का तीसरा दिन: सप्लाई क्रंच से मुंबई, ठाणे और नवी मुंबई की कम्यूटर ग्रिड पर गहरा असर; ऑटो, टैक्सी और कुछ BEST बसें परिचालन से बाहर
मुंबई महानगरीय क्षेत्र में CNG सप्लाई डिसरप्शन लगातार तीसरे दिन भी बना हुआ है, जिसके चलते मुंबई, ठाणे और नवी मुंबई की कम्यूटर मूवमेंट पर व्यापक असर पड़ा है। ऑटो-रिक्शा, टैक्सी और CNG–निर्भर BEST बसों के एक हिस्से को अनिवार्य रूप से ऑफ-रोड करना पड़ा, जिससे पब्लिक ट्रांसपोर्ट नेटवर्क में भारी operational strain उत्पन्न हो गया है।
गैस सप्लाई में आई इस बाधा के चलते फ्यूल आउटलेट्स पर अनिश्चितता और लंबी कतारें दोनों बढ़ गई हैं। ट्रांसपोर्ट यूनियनों ने बताया कि सक्रिय वाहनों का proportion sharply drop हुआ है, जिसके कारण peak-hour mobility matrix में bottlenecks और commute delays लगातार विस्तृत हो रहे हैं।
BEST प्रशासन ने भी पुष्टि की है कि CNG–चालित कुछ बस क्लस्टर्स को limited or temporarily suspended operations पर शिफ्ट करना पड़ा है। इसके चलते कुछ रूट्स पर frequency कम है, जबकि कुछ को reroute किया गया है ताकि शहर के core transit corridors functional बने रहें।
सप्लाई-चेन stakeholders का कहना है कि समस्या का मूल कारण upstream disruptions और distribution-level imbalances का संयोजन है। गैस कंपनियों और सरकारी एजेंसियों के बीच high-priority coordination चल रहा है ताकि नेटवर्क को जल्द से जल्द stabilize किया जा सके।
विश्लेषकों का मानना है कि यह स्थिति urban transport ecosystems में single-fuel dependency risk को स्पष्ट रूप से उजागर करती है और आने वाले समय में multi-energy transport architecture की आवश्यकता को और मजबूत करती है।
अधिकारियों ने नागरिकों से वैकल्पिक रूटिंग, स्थानीय पब्लिक ट्रांज़िट विकल्पों और digital ticketing advisories का उपयोग करने की अपील की है, जब तक कि सप्लाई चेन सामान्य न हो जाए।
