शाह आज रायपुर में रुकेंगे, कल जगदलपुर जाएंगे: बस्तर दशहरा में होंगे शामिल; दौरे से पहले 1 करोड़ के इनामी 103 नक्सलियों ने किया सरेंडर

रायपुर | 3 अक्टूबर 2025

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह आज छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर पहुंच रहे हैं। वे रात यहीं रुकेंगे और कल 4 अक्टूबर को जगदलपुर जाएंगे, जहां वे विश्व प्रसिद्ध बस्तर दशहरा में शामिल होंगे। उनके इस बहुचर्चित बस्तर दौरे से पहले नक्सल मोर्चे पर एक बड़ी सफलता सामने आई है — 103 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर दिया है, जिनमें से कई पर 1 करोड़ तक का इनाम घोषित था।

शांत बस्तर की ओर एक बड़ा कदम

आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में बड़े नाम शामिल हैं। इनका सरेंडर न केवल सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक जीत है, बल्कि यह संकेत भी है कि अब नक्सलियों का मनोबल टूट रहा है। राज्य पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा बलों की सख्त रणनीति, विकास योजनाओं की पहुंच और स्थानीय जनजातीय समुदाय के बढ़ते समर्थन के चलते यह बदलाव देखने को मिल रहा है।

बस्तर दशहरा: परंपरा और सुरक्षा का संगम

अमित शाह का यह दौरा केवल सांस्कृतिक भागीदारी तक सीमित नहीं है। वे बस्तर दशहरा में शामिल होकर न केवल आदिवासी परंपराओं को सम्मान देंगे, बल्कि सुरक्षा व्यवस्था और विकास परियोजनाओं की समीक्षा भी करेंगे। उनके साथ केंद्रीय और राज्यस्तरीय अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।

राजनीतिक संदेश भी साफ़

यह दौरा ऐसे समय हो रहा है जब छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद के खिलाफ सरकार की नीति चर्चा में है। 103 नक्सलियों का एकसाथ हथियार डालना इस नीति की सफलता का परिचायक है। साथ ही, शाह की बस्तर यात्रा 2024 लोकसभा चुनावों के बाद भाजपा की क्षेत्रीय रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है।

अगले 24 घंटे में क्या होगा?

  • 3 अक्टूबर (आज): शाह रायपुर में रात्रि विश्राम करेंगे।

  • 4 अक्टूबर (कल): वे सुबह जगदलपुर रवाना होंगे, जहां बस्तर दशहरा में हिस्सा लेंगे।
    संभावना है कि वे स्थानीय लोगों से संवाद और अधिकारियों के साथ सुरक्षा बैठक भी करेंगे।

निष्कर्ष:

बस्तर में दशहरा का उत्सव जहां सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है, वहीं इस बार यह नक्सलवाद के खिलाफ मनोवैज्ञानिक जीत का भी प्रतीक बन गया है।